Wednesday, September 14, 2016

529. हिन्दी खिलेगी (हिन्दी दिवस पर 9 हाइकु)

हिन्दी खिलेगी
(हिन्दी दिवस पर 9 हाइकु)

*******   

1.   
मन की बात   
कह पाएँ सबसे   
हिन्दी के साथ।   

2.   
हिन्दी रूठी है   
अंग्रेज़ी मातृभाषा   
बन ऐंठी है।   

3.   
सपना दिखा   
हिन्दी अब भी रोती   
आज़ादी बाद।   

4.   
हिन्दी की बोली   
मात खाती रहती   
पढ़े लिखों से।   

5.   
हिन्दी दिवस   
एक दिन का जश्न   
फिर अँधेरा ।   

6.   
हमारी हिन्दी   
हमारा अभिमान   
सब दो मान।   

8.   
है इन्कलाब   
सब जुट जाएँ तो   
हिन्दी की शान।   

9.   
हिन्दी हँसती   
राजभाषा तो बनी,   
कहने भर।   

10.   
सुबह होगी   
देश के ललाट पे   
हिन्दी खिलेगी।   

- जेन्नी शबनम (14. 9. 2016)

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10 comments:

kuldeep thakur said...

जय मां हाटेशवरी...
अनेक रचनाएं पढ़ी...
पर आप की रचना पसंद आयी...
हम चाहते हैं इसे अधिक से अधिक लोग पढ़ें...
इस लिये आप की रचना...
दिनांक 16/09/2016 को
पांच लिंकों का आनंद
पर लिंक की गयी है...
इस प्रस्तुति में आप भी सादर आमंत्रित है।

रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शुक्रवार (16-09-2016) को "शब्द दिन और शब्द" (चर्चा अंक-2467) पर भी होगी।
--
सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
--
चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट अक्सर नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।
हिन्दी दिवस की हार्दिक शुभकामनाओं के साथ।
सादर...!
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

Onkar said...

बहुत सुन्दर

Madhu Rani said...

सुबह होगी
देश के ललाट पे
हिन्दी खिलेगी ।
बहुत उम्दा .. हिन्दी अवश्य खिलेगी,

गिरिजा कुलश्रेष्ठ said...

सुन्दर हाइकू

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प्रतिभा सक्सेना said...

हिन्दीवालों के घर में
अंग्रेज़ी चलती है,
अपनी ही गलती है !

savan kumar said...

Bahut sunndar

savan kumar said...

बहुत खूब

savan kumar said...

बहुत खूब